Tirupati Balaji Stampede: अभी-अभी तिरुपति बालाजी मंदिर से एक बड़ी दुर्घटना की खबर आ रही है. मंदिर दर्शन की टिकट काउंटर लाइन में अचानक मची भगदड़ में 6 लोगों की मौत की खबर आ रही है और कई लोग घायल बताए जा रहे हैं जिन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल में भेज दिया गया है. मरने वालों के अंदर तमिलनाडु की सेलम की महिला को भी शामिल बताया जा रहा है.
क्यों उमड़ी भीड़?
10 जनवरी को आ रही एकादशी पर्व के लिए उमड़ी थी भीड़. दरअसल तिरुमला तिरुपति बालाजी मंदिर में स्थित बैकुंठ द्वारा के दर्शन खुलने वाले हैं और इसके दर्शन के लिए टिकट का सिस्टम रखा गया है. इस टिकट की बुकिंग बुधवार 8 जनवरी 2025 को ही शुरू हो गई. बैकुंठ धाम के दर्शन 10 जनवरी से 19 जनवरी तक आम भक्तों के लिए खोले जाएंगे. इसी दर्शन को प्राप्त करने के लिए भक्तों की 8 जनवरी की दोपहर से ही टिकट काउंटर पर भीड़ लगनी आरंभ हो गई थी.
व्यवस्था में कमी बनी बड़ा कारण
इतनी भीड़ टिकट काउंटर पर उमड़ी की मौजूदा व्यवस्था उसे संभाल नहीं पाई. तिरुमला में स्थित तिरुपति बालाजी मंदिर के प्रशासन का काम “तिरुमला तिरुपति देवस्थानम” के द्वारा किया जाता है. आम भक्तों की लाइनों से लेकर VIP लाइनों तक की व्यवस्था का सारा काम इसी ट्रस्ट की देखरेख में होता है. बताया जा रहा है की भीड़ के लिए उचित व्यवस्था नहीं की गई थी जिस कारण से छोटी सी धक्का मुक्की एक बड़ी भगदड़ में बदल गई और कई लोगों की जान चली गई.
हाल ही में हुआ था प्रसाद कांड
अभी हाल ही में आंध्र प्रदेश की वर्तमान सरकार द्वारा राज्य की पूर्व सरकार पर आरोप लगाए गए. कहा गया था कि तिरुपति बालाजी मंदिर के प्रसाद की पवित्रता के साथ समझौता किया गया है. लैब टेस्ट की रिपोर्ट पेश करके मंदिर प्रसाद के अंदर पशु चर्बी से निर्मित घी तेल का इस्तेमाल का दावा किया गया था. खबर सामने आने के बाद मंदिर प्रशासन पर कई आरोप लगे थे और देश भर से उसमें सुधार करने के लिए आवाज उठी थी. दोबारा हुई इस घटना से मंदिर प्रशासन के काम करने का तरीका फिर से सवालों के घेरे में आ चुका है.
