Nexa Evergreen Scam – जयपुर में नेक्सा एवरग्रीन कंपनी ने निवेश के नाम पर लोगों से ₹2700 करोड रुपए की ठगी की है जिसके चलते जयपुर में 26 लोग पानी की टंकी पर चढ़ गए। जयपुर में शुक्रवार देर रात 22 लोग सोडाला थाने में सुदर्शनपुरा इलाके में स्थित पानी की टंकी पर चढ़ गए।टंकी पर चढ़ने वाले लोगों में 18 आदमी और 4 औरतें शामिल है। टंकी पर चढ़ने वाले लोगों की मांग है कि ठगी के आरोपियों को गिरफ्तार कर उनका पैसा वापस लौटाया जाए।
दांतारामगढ़ निवासी पीड़ित बद्रीनारायण ने बताया, कि आरोपियों के द्वारा पीएम मोदी की फोटो दिखाकर धोलेरा सिटी में चल रहे प्रोजेक्ट के नाम पर ठगी की है उन्हें बताया गया कि धोलेरा में एक बड़ा प्रोजेक्ट चल रहा है। इस प्रोजेक्ट में निवेश करने के लिए इन लोगों ने नेक्सा एवरग्रीन कंपनी बनाई जिसमें करीब 70000 लोगों को कंपनी से जोड़ा और फिर फरार हो गए।
पीड़ित ने बताया कि यह कंपनी 3 साल पहले बाजार में आई थी और लोगों ने प्रधानमंत्री की फोटो देखकर कंपनी में पैसा लगाना शुरू कर दिया और इसमें मेरे भी ₹200000 लगे हैं। कंपनी ने कुछ समय तक ब्याज के रूप में रिटर्न दिया था लेकिन 10 जनवरी 2023 के बाद से कंपनी की तरफ से कोई पैसा नहीं मिला है। कंपनी के लोग पैसा लेकर फरार हो गए हैं।
पीड़ित लोगों के द्वारा ठगी के आरोपी सुभाष, उपेंद्र, रणवीर, गोपाल दूधवाल के खिलाफ देशभर में कई जगह एफआईआर दर्ज है। अधिकांश आरोपी सीकर जिले के लक्ष्मणगढ़ के रहने वाले हैं लेकिन आज तक पुलिस इनको नहीं पकड़ पाई है। पीड़ित लोगों ने बताया कि उन्होंने कई बार पुलिस के अधिकारियों से बातचीत की परंतु सभी लोग आश्वासन देकर डाल देते हैं अंत में पीड़ित लोग परेशान होकर मजबूरी में एक बार फिर पानी की टंकी पर चढ़ गए।
आश्वासन के बाद भी दिनेश एमएन ने नहीं लिया एक्शन
पीड़ितों ने बताया कि वह 26 दिसंबर 2023 को ज्योति नगर में स्थित पानी की टंकी पर चढ़े थे। उसके बाद पुलिस की टीम पीडितों को पुलिस मुख्यालय लेकर चली गई और वहां दिनेश एमएन के द्वारा 15 दिन में शिकायत पर करवाई करने का आश्वासन दिया गया और कहा की 15 दिनों में आरोपियों को गिरफ्तार करो।
एडिशनल डीसीपी साउथ पारस जैन ने बताया कि पानी की टंकी पर चढ़े लोगों को बता दिया गया है कि उनकी एफआईआर पर कार्रवाई चल रही है। कुछ लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है और बाकी कुछ लोग अभी फरार है जिनकी तलाश जारी है।
क्या है पूरा मामला आइए जानते हैं? (Nexa Evergreen News)
नेक्सा एवरग्रीन कंपनी ने गुजरात के धोलेरा स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में इन्वेस्टमेंट के नाम पर बड़े-बड़े सपने दिखाए थे। आरोपियों के द्वारा ऐसा प्लान बनाया गया की चाय की थड़ी चलाने वाले लोग भी बैंक से लोन उठाकर इन्वेस्टमेंट के लिए तैयार हो गए। इसके बाद सरकारी कर्मचारी, सेना के जवान, पुलिसकर्मी से लेकर अफसर तक सभी लोग इस जाल में फंसते चले गए। मात्र सिर्फ 10 महीने में कंपनी ने 70000 से ज्यादा लोगों को अपनी ठगी का शिकार बनाकर 2700 करोड लेकर फरार हो गए।
इस ठगी का मास्टरमाइंड एक सेना से रिटायर्ड व्यक्ति है। उसने 35 से ज्यादा शहरों में इसके दफ्तर खोल रखे थे। ठगों के द्वारा यह कंपनी रियल एस्टेट एक्टिविटी के लिए रजिस्टर कराई गई थी। इस कंपनी के मालिक सीकर के पनलावा निवासी सुभाष बिजारणिया और रणवीर बिजारणिया है।
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जानिए क्या था इन्वेस्टमेंट प्लान?
इस कंपनी में इन्वेस्टमेंट प्लान ₹50000 से शुरू होता था जिसे 60 महीने के लिए जमा करवाने पर हर हफ्ते उसके ब्याज के रूप में ₹1352 रुपए रिटर्न मिलता था। इसी प्रकार यदि आपने ₹100000 जमा करवाएं तो आपको 2704 रुपए ब्याज मिलेगा।
आप उदाहरण के तौर पर मान लीजिए कंपनी में किसी व्यक्ति ने 1 लाख रुपए 60 महीने के लिए इन्वेस्ट किए, तो उसको हर 7 दिन बाद बैंक अकाउंट में ₹2704 रुपए ब्याज के रूप में मिलना शुरू हो जाएंगे।
60 सप्ताह यानी 14 महीने तक इन्वेस्टमेंट रखने पर उसे 2704×60=1 लाख 62 हजार 240 रुपए देने का दावा करती थी। यानी ₹1 लाख रुपए पर 14 महीने में 62 हजार 240 रुपए की कमाई होती।
