How To Pick Fresh Lauki 4 Pro Tips for Buying Lauki – सही लौकी मिल जाए, तो सब्जी जायकेदार बनती है, लेकिन अक्सर देखने में हरी-भरी लगने वाली लौकी अंदर से बेकार निकलती है। कई बार वह इतनी पुरानी होती है कि घंटों पकाने पर भी नहीं गलती। आइए जानते हैं कि असली ताजगी को कैसे पहचानें।
लौकी सेहत के लिए वरदान से कम नहीं है। यह पानी और रेशे (फाइबर) से भरपूर होती है, जो पेट की गैस, कब्ज और मोटापा जैसी समस्याओं में राहत दिलाती है। लेकिन इसका पूरा लाभ तभी मिलेगा, जब आप सही लौकी चुनकर लाएँ। कई बार दुकान पर रखी लौकियाँ ऊपर से तो ताज़ा दिखती हैं, पर अंदर से सख्त और बीजदार निकलती हैं। आइए, कुछ आसान तरीकों से समझते हैं कि ताज़ा और बासी लौकी में क्या फर्क होता है।
1. रंग और चमक से करें पहचान
- ताज़ा लौकी – इसका रंग हल्का हरा और ऊपर से चमकदार (शाइनी) होता है।
- बासी या कच्ची लौकी – अगर लौकी का रंग बहुत ज़्यादा सफेद या हल्का पीला पड़ रहा है, तो वह या तो अधपकी है या फिर काफी दिनों से रखी हुई है।
नोट – केमिकल से रंग चढ़ाकर कई बार लौकी को बहुत गहरा हरा भी बना दिया जाता है। ऐसी लौकी से बचें, क्योंकि ये अंदर से अच्छी नहीं होती।
2. छिलके (त्वचा) को छूकर देखें
- ताज़ा लौकी: इसका छिलका मुलायम और चिकना होता है। अगर आप नाखून से हल्का दबाएँ, तो वह आसानी से अंदर घुस जाएगा। साथ ही, ताज़ी लौकी पर हल्के-हल्के रोएं (बारीक बाल) जैसे होते हैं।
- बासी लौकी: इसका छिलका खुरदरा और झुर्रीदार हो जाता है। नाखून घुसाने पर वह सख्त लगेगा। ऐसी लौकी की सब्जी न तो जल्दी गलती है और न ही उसका स्वाद अच्छा आता है।
3. डंठल (सिरा) देखना न भूलें
- ताज़ा लौकी: लौकी का डंठल हरा होता है और अगर उसे हल्का दबाएँ तो उससे जैल जैसा पानी निकलता है। यह संकेत है कि लौकी अभी ही तोड़ी गई है। इसका निचला हिस्सा भी गीला और ताज़ा दिखता है।
- बासी लौकी: अगर डंठल सूखा और पीला हो गया है, या निचला सिरा सूखने लगा है, तो समझ जाइए कि लौकी पुरानी है।
4. आकार और वज़न से लगाएं अंदाज़ा
- ताज़ा लौकी: ताज़ी लौकी में पानी की मात्रा अधिक होती है, इसलिए वह आकार के हिसाब से भारी लगती है।
- बासी लौकी: जैसे-जैसे लौकी पुरानी होती है, उसका पानी सूखने लगता है, जिससे वह हल्की महसूस होती है।
- सही साइज़: बहुत बड़ी या बहुत छोटी लौकी खरीदने की बजाय मीडियम साइज़ की लौकी खरीदें। इसके अलावा, टेढ़ी-मेढ़ी या कटी-फटी लौकी खरीदने से बचें।
अगली बार जब बाजार जाएँ, तो इन चार बातों को ज़रूर आज़माएँ
- हल्का हरा रंग और चमक देखें।
- छिलका मुलायम हो और उंगली लगाने पर दब जाए।
- डंठल हरा हो और नीचे का हिस्सा सूखा न हो।
- लौकी को हाथ में उठाकर देखें – वह भारी लगनी चाहिए।
इन टिप्स को अपनाकर आप हर बार फ्रेश और जल्दी गलने वाली लौकी लेकर आ सकते हैं।
