अजमेर के क्रिश्चियन गंज थाना क्षेत्र एक दुकानदार से पिस्तौल के दम पर 3 लाख रुपए लूट लिए गए हैं. पीड़ित संजय झुझाड़िया ने अपने ही दोस्त और उसके साथियों पर लूट का आरोप लगाया है. पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच में जुट गई है.
पीड़ित दुकानदार की है कपड़ों की दुकान
क्रिश्चियन गंज थाना क्षेत्र मेंपीड़ित दुकानदार संजय जाट की एक रेडीमेड कपड़ों की छोटी सी दुकान है. संजय झुझाड़िया मूलतः भीलवाड़ा का रहने वाला है एवं उसके पिता सुखराम जाट भीलवाड़ा में किराना स्टोर चलाते हैं. संजय ने अजमेर में एक दुकान किराए पर ली और उसमें रेडीमेड कपड़ों को बेचने का कार्य आरंभ करने वाला था, उसके लिए उसे होलसेल में कपड़े खरीदने की जरूरत थी.
दुकानदार के दोस्त ने ही दिया धोखा
क्योंकि संजय को होलसेल में कपड़े खरीदने की जरूरत थी, इसी बात को जानकर उसके दोस्त महेंद्र भर ने उसे सस्ते में कपड़े दिलवाने का ऑफर दिया. महेंद्र ने संजय को पहले 22 दिसंबर को अजमेर के रीजनल तिराहे पर बुलाया और जब संजय बताए स्थान पर पहुंचा तब महेंद्र वहां नहीं मिला. संजय के अनुसार महेंद्र ने उसे कॉल करके अपनी खराब तबियत का बहाना बनाया और फिर अपने अन्य दोस्त दिनेश बेनीवाल को संजय से मिलने के लिए भेजा. दिनेश एक अन्य युवक सत्तू गुर्जर के साथ एक फॉर्च्यूनर गाड़ी लेकर संजय के पास पहुंचा जहां से उसने संजय को भी साथ में बिठाकर माकड़वाली गांव ले गया.
पिस्टल के दम पर हुई लूट
माकड़वाली पहुंच कर दिनेश और सत्तू ने संजय से 3 लाख रुपए छीन लिए. विरोध करने पर उन्होंने संजय पर पिस्टल भी तान दी और शोर ना मचाने की धमकी दी. इसके बाद संजय डर गया और दोनों ने उसे गाड़ी से उतार दिया. बताया जा रहा है कि दोनों ने संजय को पुलिस के पास न जाने की भी धमकी दी है.
दुकानदार संजय का हुआ बड़ा नुकसान
संजय एक आम परिवार का व्यक्ति है. संजय ने बड़ी मेहनत से 3 लाख रुपए जमा किए थे, जिन्से वह बेचने के लिए कपड़े खरीदने वाला था. क्योंकि अब संजय के रुपए लूट ले गए हैं, ऊपर से उसे अब दुकान का भी किराया देना है और उसकी किसी प्रकार की कमाई भी नहीं हो रही है, इन्ही कारणों से संजय अब अनिश्चितकालीन आर्थिक तंगी के दौर में फस गया है.
रिपोर्ट में आरोपित हैं तीन लोग
संजय ने थाने में दी गई रिपोर्ट में तीन लोगों पर आरोप लगाए हैं, पहला नागौर निवासी महेंद्र भर, दूसरा सनेडिया (पीह) निवासी दिनेश बेनीवाल, और तीसरा माकड़वाली गांव निवासी सत्तू गुर्जर. संजय अब जल्द से जल्द अपना पैसा वापस प्राप्त करने के लिए पुलिस से आशा लगाकर बैठा है.
